अब आधे दाम पर मिलेंगे ग्लूकोमीटर
मधुमेह मापने वाले ग्लूकोमीटर जो बाजारों में निजी कंपनियों द्वारा महंगे दामों पर बिकते थे, अब सरकार द्वारा आधे कीमतों में जेनेरिक केंद्रों को प्रदान किए जाएंगे। वर्तमान में, देश के लगभग 3940 जेनेरिक केंद्र 650 जिलों में हैं और लगभग सभी केंद्रों तक ग्लूकोमीटर पहुंच गया है। सरकार ने 448 रुपये की कीमत तय कर दी है। इसके साथ ही 25 स्ट्रिप का एक पैक मुफ्त में मिलेगा। एक बार इस्तेमाल के बाद फेंक दिए जाने वाले इन स्ट्रिप पर अब मरीज हर माह 500 रुपए की बचत कर सकते है।
मैक्स अस्पताल के डॉक्टर डॉ राजनीश मल्होत्रा बताते हैं कि जिन मरीजों को रक्तचाप से संबंधित समस्याओं के साथ मधुमेह है, उन्हें हर दूसरे दिन मधुमेह की जांच कराना जरूरी है, जो ग्लूकोमीटर या स्ट्रिप के माध्यम से संभव है। अब तक चीन जापान और कोरिया के उपकरण ही बाजार में उपलब्ध थे।
प्रधानमंत्री भारतीय जनऔषधि परियोजना के सीईओ सचिन सिंह ने कहा कि जेनेरिक दवाओं ने मरीजों की काफी मदद की है। वर्तमान में, हर घर में मधुमेह और रक्तचाप संबंधी बीमारियों वाले मरीज मौजूद हैं। सीईओ सचिन ने कहा कि जल्द ही थर्मामीटर और ब्लड प्रेशर परीक्षण उपकरण आधे कीमतों पर जेनेरिक केंद्रों पर मिलेंगे।
मैक्स अस्पताल के डॉक्टर डॉ राजनीश मल्होत्रा बताते हैं कि जिन मरीजों को रक्तचाप से संबंधित समस्याओं के साथ मधुमेह है, उन्हें हर दूसरे दिन मधुमेह की जांच कराना जरूरी है, जो ग्लूकोमीटर या स्ट्रिप के माध्यम से संभव है। अब तक चीन जापान और कोरिया के उपकरण ही बाजार में उपलब्ध थे।
प्रधानमंत्री भारतीय जनऔषधि परियोजना के सीईओ सचिन सिंह ने कहा कि जेनेरिक दवाओं ने मरीजों की काफी मदद की है। वर्तमान में, हर घर में मधुमेह और रक्तचाप संबंधी बीमारियों वाले मरीज मौजूद हैं। सीईओ सचिन ने कहा कि जल्द ही थर्मामीटर और ब्लड प्रेशर परीक्षण उपकरण आधे कीमतों पर जेनेरिक केंद्रों पर मिलेंगे।

